गाजीपुर। जनपद गाजीपुर में MSME विकास और उद्यमिता को बढ़ावा देने के उद्देश्य से एक दिवसीय ESG (पर्यावरण, सामाजिक और शासन) कार्यशाला का आयोजन किया गया। यह कार्यशाला उत्तर प्रदेश लघु उद्योग निगम लिमिटेड (UP Small Industries Corporation Ltd) के अंतर्गत मैनेजमेंट एंड एंटरप्रेन्योरशिप एंड प्रोफेशनल स्किल्स काउंसिल (MEPSC) द्वारा जिला उद्योग एवं उद्यमिता प्रोत्साहन केंद्र, गाजीपुर के सहयोग से संपन्न हुई।
इस कार्यशाला का मुख्य उद्देश्य MSME क्षेत्र के विकास को बढ़ावा देना और उद्यमियों को आवश्यक कौशल और ज्ञान प्रदान करना था। कार्यशाला में प्रमुख रूप से निम्नलिखित विषयों पर चर्चा की गई:
कार्यशाला में MEPSC की जिला समन्वयक सुश्री लक्ष्मी विश्वकर्मा ने कहा कि “MSME क्षेत्र भारत की अर्थव्यवस्था का महत्वपूर्ण हिस्सा है और इसमें रोजगार सृजन एवं आर्थिक विकास की अपार संभावनाएं हैं। MEPSC इस क्षेत्र को प्रोत्साहित करने के लिए निरंतर विभिन्न कार्यक्रम चला रहा है।”
MEPSC के विशेषज्ञ अमजद खान ने RAMP (Raising and Accelerating MSME Performance) योजना की जानकारी दी, जो विश्व बैंक समर्थित और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा अनुमोदित एक प्रमुख कार्यक्रम है। इस योजना का उद्देश्य MSME क्षेत्र के प्रदर्शन में सुधार लाना और उद्योगों के आधुनिकीकरण को बढ़ावा देना है।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि जिला उद्योग केंद्र गाजीपुर के उपायुक्त प्रवीण मौर्य ने राज्य और केंद्र सरकार की MSME विकास योजनाओं की जानकारी साझा की। उन्होंने कहा कि “पर्यावरणीय समस्याओं के समाधान के लिए उद्योगों को जागरूक करने की आवश्यकता है, जिससे MSME क्षेत्र को सतत विकास की दिशा में बढ़ाया जा सके।”
कार्यशाला का संचालन एस.एम. राजू एवं लक्ष्मी विश्वकर्मा ने किया। इसमें बड़ी संख्या में उद्योग विशेषज्ञों और उद्यमियों ने भाग लिया। प्रतिभागियों ने इस कार्यशाला को बेहद लाभदायक बताया और कहा कि इससे MSME क्षेत्र में विकास की नई संभावनाओं की जानकारी मिली। यह कार्यशाला MSME क्षेत्र के उद्यमियों के लिए अत्यंत उपयोगी साबित हुई और इससे क्षेत्र में औद्योगिक विकास को नया आयाम मिलेगा।